
रायपुर/कोरबा। बांकी मोंगरा नगर पालिका परिषद में लंबे समय से पदस्थ मुख्य नगर पालिका अधिकारी ज्योत्स्ना टोप्पो का आखिरकार तबादला कर दिया गया है। छत्तीसगढ़ शासन के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग, रायपुर द्वारा 30 अक्टूबर की देर शाम प्रदेश के विभिन्न नगर पालिका एवं नगर पंचायतों में पदस्थ 53 मुख्य नगर पालिका अधिकारियों के तबादले का आदेश जारी किया गया। इस आदेश में कोरबा जिले की नगर पालिका परिषद बांकी मोंगरा में तीन वर्ष से अधिक समय से पदस्थ सीएमओ ज्योत्स्ना टोप्पो का नाम भी शामिल है।
जारी आदेश के अनुसार सक्ती में पदस्थ मुख्य नगर पालिका अधिकारी प्रहलाद पांडेय को नगर पालिका परिषद बांकी मोंगरा की जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं ज्योत्स्ना टोप्पो को बांकी मोंगरा से स्थानांतरित कर अन्य निकाय में पदस्थ किया गया है।
लगातार उठ रहे थे कार्यप्रणाली को लेकर सवाल
गौरतलब है कि बांकी मोंगरा नगर पालिका परिषद में ज्योत्स्ना टोप्पो की लंबे समय से पदस्थापना को लेकर समय-समय पर सवाल उठते रहे हैं। नगर पालिका की खरीदी प्रक्रिया, रेनकोट और जूते की खरीदी, स्वच्छता दीदियों की कार्य परिस्थितियां, कर्मचारियों के साथ कथित भेदभाव तथा अन्य प्रशासनिक मामलों को लेकर लगातार खबरें सामने आती रही हैं।
विशेष रूप से बारिश का मौसम गुजरने के बाद रेनकोट खरीदी की स्वीकृति, जूते वितरण में देरी और सफाई कर्मचारियों की समस्याओं को लेकर नगर पालिका की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए गए थे। वहीं नगर पालिका के कुछ निर्णयों में सीएमओ और पीआईसी की भूमिका को लेकर भी चर्चा होती रही।
53 सीएमओ के तबादले, 24 अन्य कर्मचारियों को भी नई जिम्मेदारी
नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा जारी आदेश में प्रदेश के विभिन्न नगरीय निकायों में पदस्थ 53 मुख्य नगर पालिका अधिकारियों का प्रशासनिक आधार पर स्थानांतरण किया गया है। इसके अलावा प्रदेश के विभिन्न निकायों में पदस्थ 24 इंजीनियरों, स्वच्छता निरीक्षकों सहित अन्य कर्मचारियों के तबादले भी किए गए हैं।
नए सीएमओ के सामने होंगी कई चुनौतियां
अब बांकी मोंगरा नगर पालिका परिषद की जिम्मेदारी संभालने जा रहे नए सीएमओ प्रहलाद पांडेय के सामने कई चुनौतियां होंगी। नगर पालिका की व्यवस्थाओं को दुरुस्त करना, स्वच्छता दीदियों एवं सफाई कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान, खरीदी प्रक्रिया में पारदर्शिता, लंबित विकास कार्यों को गति देना और आम नागरिकों की शिकायतों पर कार्रवाई करना उनकी प्राथमिकता में शामिल हो सकता है।
बहरहाल, ज्योत्स्ना टोप्पो के तबादले के बाद बांकी मोंगरा नगर पालिका में प्रशासनिक बदलाव की उम्मीदें बढ़ गई हैं। अब देखना होगा कि नए सीएमओ के आने के बाद नगर पालिका की कार्यप्रणाली में कितना बदलाव आता है और लंबे समय से उठ रहे सवालों का समाधान किस तरह होता है।सुझाव: तबादले को खबरों का सीधा परिणाम बताने के बजाय शीर्षक में सवालिया या संदर्भात्मक अंदाज रखना पत्रकारिता की दृष्टि से अधिक उचित होगा, क्योंकि शासन के आदेश में तबादले का कारण स्पष्ट नहीं है।

