
कटघोरा। ढेलवाडीह से कटघोरा मुख्य मार्ग पर विगत कई दिनों से एक ट्रक बीच सड़क/सड़क किनारे बेहद खतरनाक स्थिति में खड़ी है। इस व्यस्त मार्ग पर रोजाना हजारों छोटे-बड़े वाहनों और राहगीरों का आना-जाना लगा रहता है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों की अनदेखी के चलते यहाँ कभी भी कोई बड़ी और दर्दनाक दुर्घटना घट सकती है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि कटघोरा पुलिस और हाईवे पेट्रोलिंग की गाड़ियां रोजाना इस मार्ग से गुजरती हैं, लेकिन इस गंभीर खतरे को देखने के बाद भी सबने अपनी आंखें मूंद रखी हैं।
हर समय मंडरा रहा है मौत का साया
ढेलवाडीह-कटघोरा मार्ग क्षेत्र की जीवनरेखा मानी जाती है। कोयला परिवहन और अन्य औद्योगिक गतिविधियों के कारण इस मार्ग पर चौबीसों घंटे भारी वाहनों (ट्रकों) का रेला लगा रहता है। इसके साथ ही राहगीरों, दुपहिया वाहनों और स्कूली बच्चों की आवाजाही भी लगातार बनी रहती है।
ऐसे व्यस्ततम मार्ग पर कई दिनों से एक ट्रक खराब या लावारिस हालत में खड़ी है। रात के समय इस मार्ग पर अंधेरा होने के कारण स्थिति और भी डरावनी हो जाती है। दूर से आने वाले वाहन चालकों को सड़क पर खड़ी यह मौत नजर नहीं आती, जिससे हर पल किसी बड़ी अनहोनी की आशंका बनी रहती है।
रोजाना गुजरती है पुलिस, फिर भी अनदेखी क्यों?
क्षेत्रीय नागरिकों में इस बात को लेकर भारी आक्रोश है कि इस मार्ग से कटघोरा पुलिस और हाईवे पेट्रोलिंग की गाड़ियां रोजाना कई-कई बार गुजरती हैं। गश्त लगाने और सुरक्षित यातायात का दावा करने वाली पुलिस को सड़क के बीचों-बीच खड़ी यह विशालकाय ट्रक दिखाई क्यों नहीं दे रही?
ग्रामीणों का तीखा सवाल:
“क्या पुलिस और प्रशासन किसी बड़ी दुर्घटना का इंतजार कर रहे हैं? क्या जब तक किसी मासूम की जान नहीं जाएगी, तब तक जिम्मेदार अधिकारियों की नींद नहीं टूटेगी?”
दुर्घटना की स्थिति में कौन होगा जिम्मेदार?
सड़क सुरक्षा नियमों के तहत मुख्य मार्ग पर किसी भी वाहन को इस तरह असुरक्षित ढंग से खड़ा करना अपराध है। यदि कोई वाहन खराब भी होता है, तो उसे तत्काल सड़क से हटाकर किनारे करने या उस पर रिफ्लेक्टर/चेतावनी बोर्ड लगाने की जिम्मेदारी संबंधित वाहन मालिक और स्थानीय पुलिस की होती है। लेकिन यहाँ नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं।
यदि इस ढेलवाडीह-कटघोरा मार्ग पर कोई हादसा होता है, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी कटघोरा पुलिस और हाईवे पेट्रोलिंग विभाग की होगी, जो सब कुछ जानकर भी अनजान बने बैठे हैं।
स्थानीय लोगों की मांग
आसपास के ग्रामीणों और राहगीरों ने प्रशासन से अविलंब इस मामले में संज्ञान लेने की मांग की है। लोगों का कहना है कि:
इस खतरनाक ढंग से खड़ी ट्रक को तत्काल क्रेन के माध्यम से हटवाया जाए।
लापरवाही बरतने वाले वाहन मालिक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।
हाईवे पेट्रोलिंग को मुस्तैद किया जाए ताकि भविष्य में मुख्य मार्गों पर इस तरह वाहन खड़े न हो सकें।
समय रहते यदि प्रशासन नहीं जागा, तो क्षेत्रवासियों को चक्काजाम और उग्र आंदोलन के लिए विवश होना पड़ेगा।

